HTMLक्या है? – What Is HTML In Hindi

नमस्कार दोस्तों आज इस लेख के माध्यम से हम जानेंगे की “HTML क्या है (What is HTML In Hindi). अगर आपको Computer पे वर्क करना अच्छा लगता है और आप Computer से रिलेटेड कोई स्किल सीखना चाहते है तो आप अपने स्किल की सुरुवात HTML सिखने से कर सकते है. Computer और Internet के वर्ल्ड में HTML का बहुत ही उपयोग है. HTML Language का सबसे ज्यादा उपयोग Web Development और Website Designing के फील्ड में है और is फील्ड में आगे चलकर बहुत ही ज्यादा स्कोप है. अगर आप Web Development सीखना चाहते है या अपनी खुद की वेबसाइट बनाना चाहते है तो सबसे पहले HTML सीखिए is फील्ड में आगे बढने के लिए

इसके अलावा भी अगर आप भी ब्लॉगर है या पहले से ही आपकी खुद की को वेबसाइट है तो उसमे रेगुलर updates की भी जरुरत पडती होगी तो भी Basic HTML सीखना आपके लिए बहुत ही फायदेमंद हो सकता है इसकी मदद से आप खुद अपने websites में Minor Updates कर सकते है और इसके लिए आपको किसी दुसरे Web Designer को पैसे भी नही देने पड़ेंगे.

HTML सीखना किसी भी Programming Language जैसे – Java, PHP, JavaScript, Python, C, etc. के सिखने के मुकाबले सबसे आसान है. ये सभी Skills है, तो is फील्ड में आपको आगे बढ़ने के लिए आपको Markup Languages जैसे- HTML,XML, etc. को सीखना बहुत ही जरुरी है.

Internet पे मौजूद सारा डाटा एक वेब डाक्यूमेंट्स के रूप मौजूद रहता है. इन डाक्यूमेंट्स की कॉपी को सर्वर पर सेव किया जाता है और कोई भी वेबसाइट के URL के माध्यम से वह डाटा Access कर सकता है.

क्या आपको पता है की वेब डॉक्यूमेंट कैसे बनाते है? और इसे किस भाषा में लिखा जाता है, यह वेब डाक्यूमेंट्स कौन लिखता है?

वेब डाक्यूमेंट्स को HTML Language में लिखा जाता है यह एक मार्कअप लैंग्वेज है यह वेब डाक्यूमेंट्स का आधार होता है.

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तो चलिए अब जानते है की HTML क्या होता है – What is HTML in Hindi?

HTML क्या है?

HTML एक Markup Language है जिसका Full Form है – Hypertext Markup Language है, जिसका उपयोग हम वेब डाक्यूमेंट्स (वेब पेजेज) बनाने के लिए करते है. इसको 90 के दसक में विकसित किया गया था. यह भाषा किसी वेब पेजेज का आधार होता है और वेब पेजेज किसी भी वेबसाइट का आधार होता है. HTML Language में वेब डाक्यूमेंट्स को बनाने के लिए ‘Tags’ का उपयोग किया जाता है.

HTML एक Computer की भाषा है जिसका इस्तेमाल हम वेबसाइट को बनाने में करते है. यह वेब पेजेज को बनाने में सबसे ज्यादा इस्तेमाल की जाती है. HTML लैंग्वेज का यूज़ करके हम वेब ब्राउज़र को यह बताते है की किसी भी वेब पेजेज का कॉन्टेंट यूजर को कैसा दिखना चाहिए. किसी भी वेब पेज का Layout कैसा होगा ये भी हम HTML के Code से ही ब्राउज़र को बताते है. और इसे रंग रूप देने के लिए CSS का उपयोग किया जाता है. HTML भाषा कंप्यूटर की दूसरी भाषा जैसे C, C++, JAVA और Python आदि के मुकाबले बहुत ही आसान है. HTML language को कोई भी व्यक्ति आसानी से और बहुत ही कम समय में सिख सकता है.

बिना HTML Language के किसी भी वेब पेज को डिजाईन नही किया जा सकता है अभी आप जिस वेबसाइट में है इसको भी HTML Language का यूज़ करके की डिजाईन किया गया है. HTML File का Extension .html होता है.

HTML के अलावा भी BBC, SGML, XML, आदि Markup Language है. परन्तु इन सभी में HTML सबसे अधिक लोकप्रिय है.

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HTML का इतिहास – History of HTML in Hindi

तो आईये अब हम HTML के हिस्ट्री में चलते है और इसके इतिहास को जानने की कोसिस करते है.

HTML की खोज Physicist Tim Berners-Lee ने सन 1980 में Geneva में किया था. वे एक भौतिक विज्ञानिक Contractor के रूप में एक French Organization में काम करते थे. सुरु में HTML Language का उपयोग Document Sharing के लिए किया जाता था. HTML एक Platform Independent Language है जिसका उपयोग किसी भी प्लेटफार्म में किया जा सकता है जैसे Window, Linux, Macintosh आदि

वर्तमान समय में HTML के विकास की देखभाल एक संस्था “World Wide Web Consortium (W3C )” के पास है. यही संस्था ही अब HTML की देखभाल करती है. अगर आप HTML Language को अच्छे से सिख जाये तो किसी भी प्रकार की Website बनाना आपके लिए बहुत ही आसान हो जायेगा.

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HTML Versions

  1. HTML का पहला Version 1991 में आया था जो की केवल HTML से दर्शाया जाता था. यह version SGML – Standard Generalized Markup Language का रूप था.
  2. HTML का दूसरा version 1995 में आया जो की HTML2.0 के नाम से जाना जाने लगा. IETF – Internet Engineering Task Force द्वारा यह नाम रखा गया था. इस version में कुछ updates किये गये जिसमे ‘Image Tag’ सबसे महत्वपूर्ण था.
  3. इसका तीसरा version 1995 में आया था जो की HTML3.2 के नाम से पहचाना गया. यह एक संगठन W3C – World Wide Web Consortium द्वारा प्रकाशित किया गया था. इसके द्वारा अब HTML डॉक्यूमेंट को और अधिक तरीको से साथ बनाया जा सकता था. इस version में कई नए Attributes को भी जोड़ा गया था और डॉक्यूमेंट के स्ट्रक्चर से ज्यादा उनके स्टाइल पर ध्यान दिया गया था.
  4. चौथा version 1999 में आया था जिसे HTML4.01 के नाम से जाना जाने लगा था. इस version में कुछ अधिक features जोरे गये जैसे : Frame, Stylesheet, Script आदि. यह HTML के इतिहास में सबसे बड़ा बदलाव था.
  5. इसके बाद HTML का सबसे नवीनतम version HTML5 है. जिसमे HTML के सभी version की विशेषता के अलावा भी XML की विशेषता को भी जोड़ा गया है. यह version भी काफी लोकप्रिय हो चूका है.

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HTML का क्या उपयोग होता है?

HTML का क्या उपयोग होता है?

यह एक भुत ही साधारण और बेकार सवाल लग रहा है क्युकी अब तक आपको यह पता चला होगा की इसका उपयोग Web पेजेज बनाने में किया जाता है मगर इसका उपयोग सिर्फ वेब डाक्यूमेंट्स तक ही सिमित नही है

क्युकी HTML वेब का आधार है लेकिन इसके भीना वेब निर्माण की कल्पना भी नही की जा सकती है.

HTML डॉक्यूमेंट बनाने के आलावा इसका उपयोग इन जगहों पर भी बहुत ही अच्छे से किया जा सकता है-

  • Web Page Development
  • Navigation
  • Game Development
  • Responsive Graphics
  • Web Document Formatting

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अब हमको यह अच्छे से पता चल गया है की HTML का उपयोग कहा-कहा किया जाता है.तो चलिए अब जानते है HTML Tools के बारे में

HTML Tools

HTML के किसी भी Codes को लिखने और उसको Run करने के लिए कुछ Basic Tools की जरुरत पडती है जो की सभी Computers में पहले से ही Operating System के साथ ही installedहोते है

HTML का उपयोग करने के लिए mainly दो प्रकार के टूल्स की आवश्यकता पडती है:

  1. Text Editor (जैसे Notepad, WordPad, Notepad++ आदि)
  2. Web Browser (जैसे Google Chrome, Internet Explorer, Firefox आदि)

 Text Editors का उपयोग हम HTML Code को लिखने के लिए करेंगे और Web ब्राउज़र में हमारे द्वारा बनाये गए HTML File को Run करके चेक करेंगे. HTML छोटे छोटे code की series से बना होता है जिसको हम Text Editor में लिखते है, इन छोटे Codes की Series को ही Tags कहते है. HTML Tags Web Browser को बताता है की उस tag के अंदर लिखे गए elements को वेबसाइट में खा और कैसे दिखाया जाये.

अगर आपके पास Computer System या Laptop है तो Notepad और Internet Explorer पहले से ही आपके System में Installed होंगे.

HTML ऐसे बहुत सरे tags प्रदान करता है जिससे Graphics, Font size और Colours आदि का उपयोग करके आप किसी भी website को एक आकर्सक रूप और डिजाईन दे सकते है. HTML Codes को लिखने के बाद आपको document को save करना होगा और save करने के लिए html file के नाम के साथ .htm या फिर .html लिखना बहुत ही जरुरी होता है तभी तो सिस्टम आपके html document को आपके Web Browser में दिखायेगा अगर आप नाम के बाद .html extension नही डालते है तो आपकी वो document Text Editor में ही ओपन होगा और जो भी html code आपने टाइप किया था वही शो होगा.

save क्र लेने के बाद आपको अपना HTML document देखने के लिए सिस्टम में ब्राउज़र को खोलना होगा और वह ब्राउज आपके html file को रीड करेगा और आपके सही ढंग से लिखे हुए html code को represent करेगा जैसे आपने उस code को लिखते वक्त सोचा होगा.

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HTML tags कैसा होता है?

HTML सिखने के लिए सबसे पहले जरुरी है की आपको सभी Html tags का अच्छे से ज्ञान हो. HTML में कई पराक्र के Codes होते है जीने HTML tags खा जाता है जो वेब ब्राउज़र को यह बताते है की tag के अंदर लिखे गये टेक्स्ट वेब पेजेज में कहा, कैसे और किस तरह दिखाई देगा. यह सभी HTML tags कंप्यूटर सिस्टम में पहले से excute किये गये होते है.

HTML tags दुसरे text से पूरा ही अलग होता है जिसके जरुइए html code लिखा जाता है. HTML tags एक keyword होता है है जिसे हम बंद brackets के अंदर लिखते है जैसे <html> tags के द्वारा हम अपने वेबसाइट को नए नए रूप दे सकते है उसमे हम images, tables, colors आदि चीज का प्रयोग करके webpage बना सकते है.

अलग अलग html tags अलग अलग कामो के लिए उपयोग किया जाता है. जब भी आप कोई HTML पेज को वेब ब्राउज़र में देखते है तो उसमे ये सभी tags लिखे हुए नही दीखते बल्कि उनका प्रभाव हमे दीखता है. HTML में हजारो tags होते है जिनका हम एक अच्छा सा वेबसाइट बनाने के लिए करते है.

HTML Programming Syntax

 <!DOCTYPE Html>
 <html>
 <Head>
 <title> What is html in hindi </title>
 </Head>
 <body>
 <h1> html kaise sikhe </h1>
 <p> Hypertext markup language </p>
 </body>
 </html> 

Doctype HTML :- Doctype का होता है की आपका डॉक्यूमेंट किस टाइप का है, <!DOCTYPE html >  ये HTML के Version 5 को represent करता है.

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html :- यह element HTML पेज का root element होता है.

Head :- ये भी HTML के elements का ही एक पार्ट है जो की डाक्यूमेंट्स के meta इनफार्मेशन को दर्शाता है. इसी elements  के अंदर ही सभी CSS और JavaScript का लिंक रहता है.

Title :- इस elements के अंदर आपके वेब डॉक्यूमेंट का title लिखा जाता है जो web browser में सबसे उपर आपको tab bar में नजर आएगा.

Body :- इस tag के अंदर web-page पर दिखने वाले सभी text और images को उनके layout के हिसाब से add किया जाता है.

अब इस पुरे डॉक्यूमेंट को आप सेव कर लीजिये. इस डॉक्यूमेंट को सेव करते वक्त आपको कुछ बातो का भी ध्यान देना है. जैसे – File name के लास्ट में .html, डालकर save करे. फिर आप इसे ओपन करके web browser में चेक कर सकते है.

HTML Basic Tags

  1. HTML Tag – <html>
  2. Head Tag – <head>
  3. Title Tag – <title>
  4. Body Tag – <body>
  5. Heading Tag – <h1>
  6. Paragraph Tag – <p>
  7. Line Break Tag – <br/>
  8. Centering Content Tag – <center>
  9. Horizontal Line Tag – <hr>

इनके अलावा भी HTML के बहुत सरे tag होते है. जिनके किसी एक पोस्ट में नही बताया जा सकता है.

एक और जरुरी बात HTML Language में कोई भी स्टार्ट tag लिखने के बाद अगर आप उसको tag को एंड नही करते है तो उस tag का असर नही होगा आपके web डॉक्यूमेंट में नही होगा

HTML tag के दो Category में विभाजित किया जाता है:

  1. Paired tags – इन tags को Container tags भी कहा जाता है. जिनका इस्तेमाल pair के रूप में किया जाता है यानि इन tags में Opening और Closing tags दोनों होते है.
  2. Unpaired tags – इन tags को empty tags भी कहा जाता है. इनका कोई closing tag नही होता है. line break tag – <br/> इसी category में आता है.

HTML Page Sections

एक html page के लगभग दो भाग होते है:

  1. Head Section :- इस सेक्शन में आपके page के बारे में इनफार्मेशन रहता है जो की web browser और सर्च इंजन के कम का होता है.इस sextion में लगभग तिन भाग की जानकारी होती है : Title, Keywords, और Description जोई की गूगल जैसे सर्च इंजन के कम का होता है.
  2. Body Section :- यह web page के main content वाला पार्ट होता है यह आपको वो सभी जानकारी लिखनी पडती है जिसे आप अपने web pages में दिखाना चाहते है जैसे :- Texts, Images, और Videos.

कृपया अपना महत्वपूर्ण विचार अवश्य दें!!